बदलाव की जरूरत कृषि शिक्षा प्रणाली में निरंतर: आनंदीबेन - Ideal India News

Post Top Ad

बदलाव की जरूरत कृषि शिक्षा प्रणाली में निरंतर: आनंदीबेन

Share This
#IIN

बदलाव की जरूरत कृषि शिक्षा प्रणाली में निरंतर: आनंदीबेन


अयोध्या Parshant Shukla  


-】 उन्होंने 16 दिसंबर को प्राकृतिक खेती अपनाने को लेकर विशेष बल दिया था। यह बातें राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने सोमवार को आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विवि के 23वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए कही।

शिक्षा ही वह स्रोत है जो जीवन में पथ प्रदर्शन का कार्य करती है। कृषि शिक्षा प्रणाली में निरंतर बदलाव की जरूरत है। केंद्र एवं प्रदेश सरकार किसानों के हित के लिए प्रतिबद्ध है।

विवि के ऑडिटोरियम हाल में आयोजित दीक्षांत समारोह में सोमवार दोपहर बाद पहुंची राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को विश्वविद्यालय परिसर में गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। तदुपरांत उन्होंने आचार्य नरेंद्र देव की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर पौधरोपण किया।
दीक्षांत समारोह में कुलाधिपति ने सात पीएचडी छात्र-छात्राओं को कुलाधिपति स्वर्ण पदक, 11 छात्र छात्राओं को कुलपति स्वर्ण पदक और सात छात्र-छात्राओं को विश्वविद्यालय स्वर्ण पदक एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।
दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि कृषि में बेटियां डॉक्टर बन रही हैं, यह हमारे देश के लिए गौरव की बात है।
विगत दिनों हुए दीक्षांत समारोह के दौरान उन्होंने अपने द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में कहा कि मेरे द्वारा विवि से यह मांग की गई थी कि ऐसा पौधा विकसित करें जिससे कम से कम दो फसल की जा सके।

किसानों की आय दोगुनी करने, गौ आधारित एवं प्राकृतिक खेती सहित शून्य लागत खेती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पूरा ध्यान केंद्रित है। प्रधानमंत्री ने सिंचाई समस्या को लेकर देश की सबसे बड़ी परियोजना सरयू नहर परियोजना का शुभारंभ किया है।

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad