पीएम मोदी के बनारस सपा प्रत्याशी का पर्चा हुआ खारिज अब भाजपा की पूनम मौर्या होंगी निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष - Ideal India News

Post Top Ad

पीएम मोदी के बनारस सपा प्रत्याशी का पर्चा हुआ खारिज अब भाजपा की पूनम मौर्या होंगी निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष

Share This
#IIN

पीएम मोदी के बनारस सपा प्रत्याशी का पर्चा हुआ खारिज अब भाजपा की पूनम मौर्या होंगी निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष

अजय कुमार दूबे सारनाथ वाराणसी



पीएम मोदी के बनारस सपा प्रत्याशी का पर्चा हुआ खारिज अब भाजपा की पूनम मौर्या होंगी निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष

प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र बनारस में जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव में समाजवादी पार्टी की श्रीमती चंदा यादव का नामांकन खारिज होनें से भाजपा की पूनम मौर्या निर्विरोध निर्वाचित होंगी जिला पंचायत अध्यक्ष 

बताते चलें कि प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र बनारस में शनिवार को जिला पंचायत अध्यक्ष के नामांकन के लिए भाजपा संगठन ने अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए पूनम मौर्या का नामांकन कराया। नामांकन जुलूस का नेतृत्व स्वंय भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष महेश चंद श्रीवास्तव के साथ जिला अध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा, रोहनियां के विधायक सुरेंद्र सिंह, सूबे के मंत्री अनिल राजभर सहित सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए नामांकन कराया।

वहीं दूसरी ओर समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष सुजीत यादव उर्फ लक्कड़ पहलवान, पूर्व जिला अध्यक्ष डॉक्टर पीयूष यादव सहित समाजवादी पार्टी के सैकड़ों दिग्गज नेताओं के हुजूम ने पूरे जोश और खरोश के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए चंदा यादव का नामांकन कराया। नामांकन दाखिल करने के साथ ही सपा नेताओं ने सूबे की योगी सरकार और जिला प्रशासन पर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू कर दिया।

वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन दोनों प्रत्याशियों का नामांकन पत्र दाखिल होनें के पश्चात 3 बजे स्क्रूटनी शुरू कर दिया।

बताते चलें कि वाराणसी जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर दो प्रत्याशियों श्रीमती चंदा यादव सपा और श्रीमति पूनम मौर्या भाजपा ने 2-2 नामांकन पत्र दाखिल किया था।
इनकी स्क्रूटनी दोपहर 3 बजे शुरू हुई। दोनों पक्षों ने एक दूसरे के नोटरी अधिवक्ताओं की वैद्यता के बारे में लिखित आपत्ति दाखिल की। दोनों के द्वारा जवाब देने के लिए 2-2 घंटे का लिखित टाइम मांगा था, जो उन्हें दिया गया । शाम 6:30 बजे पुनः स्क्रूटनी शुरू हुई जिसमें दोनों प्रत्यशियों ने अपना अपना पक्ष रखा। 

पूरी स्क्रूटनी के उपरांत श्रीमती पूनम मौर्या का एक नामांकन पत्र अस्वीकृत हुआ और एक स्वीकृत हुआ। वहीं दूसरी ओर श्रीमती चंदा यादव के दोनों नामांकन पत्र अस्वीकृत हो गए। 

ऐसे में विधिवत रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए एक ही प्रत्याशी श्रीमती पूनम मौर्या का नामांकन वैद्य पाया गया।

रात्रि लगभग 11:45 बजे जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा के हवाले से श्रीमती पूनम मौर्या के नामांकन की खबर मीडिया से साझा किया।

कुल मिलाकर जहां एक ओर जिला पंचायत चुनाव में पीएम मोदी के बनारस में भाजपा की झोली में केवल 7 ही सदस्यों की जीत हासिल हुई वही दूसरी ओर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सुजीत सिंह डॉक्टर की पहल से जब जिला पंचायत सदस्य पूनम मौर्या भाजपा में शामिल हुईं थी, तभी से उनके पति कुंवर वीरेंद्र सिंह पूरे तन, मन, धन के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव जीतने की रणनीति बना चुके थे।

इसी का परिणाम रहा किस समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष सुजीत यादव उर्फ लक्कड़ पहलवान ने भाजपा नेताओं पर खरीद-फरोख्त और मतदाताओं को धमकाने का आरोप लगाना शुरू कर दिया था। लेकिन जब आज सपा प्रत्याशी का श्रीमती चंदा यादव का नामांकन पत्र खारिज हुआ तो उनके पति नत्थू यादव ने दो टूक शब्दों में कहा कि सरकार के दबाव में जिला प्रशासन ने पर्चा खारिज कर लोकतंत्र की हत्या किया है।

कुल मिलाकर पूरे दिन भर चली गहमागहमी के बीच अंततः जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी भाजपा प्रत्याशी पूनम मौर्या के लिए लगभग तय हो चुकी है और जिला अध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा ने जिला पंचायत के चुनाव में अपनी हार का बदला बड़े ही आसानी से ले लिया है।

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad