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जिले में पूरे जुलाई माह चलेगा संचारी रोग नियंत्रण अभियान 12 से 25 जुलाई तक चलेगा दस्तक अभियान

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जिले में पूरे जुलाई माह चलेगा संचारी रोग नियंत्रण अभियान
12 से 25 जुलाई तक चलेगा दस्तक अभियान

डा मिथिलेश श्रीवास्तव जौनपुर
 
विभागीय तैयारियां जोरों पर, समय सारिणी के तहत हो रही बैठक, प्रशिक्षण और समीक्षा

जौनपुर, 23 जून 2021
 


 जिले में एक जुलाई से 31 जुलाई तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलेगा जिसके तहत संचारी रोगों को लेकर कई जन जागरूकता कार्यक्रम व गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी । इस बीच 12 जुलाई से 25 जुलाई तक दस्तक अभियान भी चलेगा।  इसके लिए जारी समय सारिणी के अनुसार जिले में तैयारियां तेज हो चुकी हैं। इसमें स्वास्थ्य विभाग सहित 11 विभाग विभिन्न जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग नोडल विभाग के रूप में काम कर रहा है जबकि अन्य विभाग दूसरी जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं। 
   अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (एसीएमओ) वेक्टर बार्न डिजीज डॉ एसपी मिश्रा ने बताया कि स्वास्थ्य, नगर विकास, पंचायती राज, बाल विकास एवं पुष्टाहार (आईसीडीएस), दिव्यांग कल्याण, बेसिक शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, जिला सूचना, पशुधन विकास, कृषि एवं सिंचाई और जल निगम भी जिम्मेदारियां निभाएंगे। मुख्य जिम्मेदारी नगर विकास विभाग और पंचायती राज विभाग की रहेगी। इस दौरान संचारी रोगों का प्रसार रोकने के लिए आवश्यक स्वास्थ्य एवं सामाजिक गतिविधियों का संचालन किया जाएगा।  
 डॉ मिश्रा ने बताया कि मच्छर जनित रोगों (वेक्टर बार्न डिजीज) को रोकने के लिए पानी को इकट्ठा नहीं होने देना मुख्य जिम्मेदारी है ताकि मच्छरों का प्रजनन न होने पाए जिसके लिए कीटनाशक का छिड़काव किया जाएगा। इसके बाद भी यदि मच्छर बढ़े तो उसके घनत्व को कम करने के लिए फॉगिंग आदि व्यवस्था करवाना। नालियों में यदि झाड़ियों की वजह से पानी रुक रहा है तो उसकी सफाई करवाना। यदि सिल्ट जमा हो गया है तो उसकी सफाई करवाना होगा। नगर क्षेत्र में यह सभी काम नगर निगम करेगा जबकि ग्रामीण क्षेत्र में पंचायती राज विभाग के माध्यम से होगा।  
   जिला मलेरिया अधिकारी भानु प्रताप सिंह ने बताया कि इस बीच 12 जुलाई से 25 जुलाई तक दस्तक अभियान भी चलेगा। इसके तहत आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता तथा एएनएम घर-घर जाकर लोगों से चार बिन्दुओं पर जानकारी लेंगी।  
1-सामान्य बुखार के रोगी को चिह्नित करेंगी 
2-जुकाम, बुखार, सर्दी जैसे एनफ्लुएंजा के लक्षण या कोविड के लक्षणवालों को चिह्नित करेंगी 
3-टीबी के लक्षणवाले रोगियों को चिह्नित करेंगी 
4-उनके क्षेत्र में कोई कुपोषित बच्चा होगा तो उसे सूचीबद्ध करेंगी।  
जिला मलेरिया अधिकारी ने बताया कि आशा इस सूची को एएनएम को देंगी और एएनएम उसे ब्लॉक के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र को देंगी। वहां से इन रोगियों की जांच होगी और उनके इलाज की व्यवस्था की जाएगी। 01 जुलाई को जिला और ब्लाक स्तर पर इन कार्यक्रमों का शुभारंभ होगा। 
चल रही है तैयारी: कार्यक्रम के पहले विभिन्न स्तर पर जो लोग लगे हैं उनकी बैठक, प्रशिक्षण या संवेदीकरण के लिए समय सारिणी जारी कर दी गई है। इसके तहत 15 जून को प्रशिक्षकों का प्रशिक्षण हो चुका है। 18 को ब्लॉक स्तर की बैठक हो चुकी है। 21 तारीख को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में अंतर विभागीय जिला समन्वय समिति की बैठक हो गई। खंड शिक्षाधिकारी ने हर विद्यालयों पर इस कार्यक्रम के लिए एक नोडल शिक्षक बनाए हैं। अब उनका प्रशिक्षण चल रहा है। इसी तरह से ब्लाक स्तर पर ग्राम विकास अधिकारी एवं ग्राम प्रधान का भी संवेदीकरण किया जा रहा है। दस्तक कार्यक्रम में लगी आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का 25 से 30 के बैच का प्रशिक्षण कराया जा रहा है।  
इसके लिए सभी प्राथमिक/सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र 28 जून तक जिले को अपना माइक्रो प्लान जिले पर दे देंगे। जिले से 30 जून तक विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) तथा संयुक्त राष्ट्र बाल आपदा कोष (यूनीसेफ) को दे दिया जाएगा। इसी बीच जिलाधिकारी 29 जून को जिले की दूसरी टास्क फोर्स की बैठक कर तैयारियों की समीक्षा करेंगे।

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