ग्रामीणों ने चंदा जुटाकर कराई पेयजल पाइप लाइन की मरम्मत - Ideal India News

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ग्रामीणों ने चंदा जुटाकर कराई पेयजल पाइप लाइन की मरम्मत

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Pintu Kundu And Dr.U.S. Bhagat 
सरकारी तंत्र से लाचार, प्यासी जनता ने चंदा कर बनाया क्षतिग्रस्त पेयजल पाइपलाइन

वाराणसी: रोहनियां/राजातालाब
*अगर आपने मन में कठिन से कठिन काम ठान लिया तो वह होकर रहेगा। ऐसी ही एक नजीर राजातालाब के ग्रामीणो ने पेश की है।* जब जल निगम विभाग ने गांव के पेयजल आपूर्ति की क्षतिग्रस्त पाइप लाइन को ठीक नहीं कराया तो खुद गांव के ग्रामीणो ने चंदे से क्षतिग्रस्त पाइप लाइन का मरम्मत करके विभाग को आईना दिखाने का काम किया है। इसको लेकर जल निगम विभाग की काफी आलोचना की जा रही है। ग्रामीणों ने पूछा है कि आखिर मरम्मत के नाम पर आने वाली धनराशि कहां हजम की जा रही हैं। आराजी लाइन ब्लाक के कचनार, रानीबाजार गांव के पेयजलापूर्ति हेतु भीखारीपुर में बने सरकारी जल निगम की पाइप लाइन हाइवे चौड़ीकरण और पीडब्ल्यूडी के द्वारा नाली बनाने के कारण जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो जाने से ग्रामीणों को पीने के पानी के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। कई बार शिकायत के बाद भी जब पाइप लाइन की मरम्मत नहीं हुई तो, ग्रामीणों ने श्रमदान करने की ठानी। सभी लोगों ने पांच हजार रुपये चंदे के रूप में जुटाया। गांव के सामाजिक कार्यकर्ता राजकुमार गुप्ता, ग्राम प्रधान विजय पटेल, दिनेश विश्वकर्मा, राजकुमार केशरी, कृष्णा प्रसाद जायसवाल, श्री नाथ गुप्ता आदि ने बताया कि इस जल निगम से सैकड़ों परिवारो को पेयजलापूर्ति की जाती है। जल निगम, पीडब्ल्यूडी, हाईवे विभाग की लापरवाही के कारण यहां की पाइप लाइन विगत दो सप्ताह से क्षतिग्रस्त हो गई थी। इससे हम ग्रामीणों को पेयजलापूर्ति करने में परेशानी हो रही थी। कई बार विभागीय अधिकारियों एवं जेई को बताने के बाद भी हम लोगों की समस्या का निवारण नहीं हो सका। इससे हम गांव के लोग अपने पैसे से इस पाइप लाइन का मरम्मत कराया, ताकि पीने के पानी के पेयजलापूर्ति में कोई परेशानी न हो। क्योंकि गर्मी में पानी की अधिक आवश्यकता पड़ती है और इस समय इसकी काफी आवश्यकता है। इसलिए हम लोगों ने करीब पांच हजार की लागत से इस पाइप लाइन का मरम्मत कराया। आपरेटर राजेश तिवारी भी यहां पर तैनात नहीं है। इस संबंध में जेई कुनाल गौतम ने बताया कि हमारी ड्यूटी कहीं और है बजट न होने से निर्माण नहीं कराया जा सका था। वहीं ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि जेई और आपरेटर को कई बार फोन लगाया गया जिनका फोन नहीं उठा इससे आजिज आकर लोगों ने सीएम पोर्टल पर भी शिकायत किया व विरोध प्रदर्शन भी किया लेकिन कुछ नहीं हुआ अंततः चंदा लेकर क्षतिग्रस्त पाइप लाइन बनवाया गया।

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